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24 घंटे में ट्रांसफर हो जाएगा PF का पूरा पैसा, जानिए कैसे

अगर आप रिटायर्मेंट के बाद घर खरीदना चाहते है और PF से पैसे निकालना जी का जंजाल लगता है तो यह खबर आपके लिए राहत भरी है।

Surbhi Jain 04 Oct 2015, 11:45:51 IST
Surbhi Jain

नई दिल्ली: EPFO ने UAN धारकों के लिए पैसे निकालने की प्रक्रिया और भी आसान कर दी है। अब अगर आपका PF UAN से जुड़ा होगा तो आप अपने PF से मात्र 24 घंटों से 48 घंटों में पैसे निकाल सकते है। ये काम नए संशोधन के साथ फॉर्म 11 के जरिए हो जाएगा। इससे पहले एक जगह से दूसरी जगह के लिए फॉर्म 13 भरा जाता था जिसमें 15 से 20 दिन लग जाते थे। UAN नंबर सभी कर्मचारियों को नियोक्ता की ओर से उपलब्ध कराया जाता है। सामान्यत: कंपनी की ओर से कर्मचारियों को दी जाने वाली सैलरी स्लिप पर यह नंबर दर्ज होता है। यदि ऐसा नहीं है तो कोई भी कर्मचारी अपने नंबर के लिए कंपनी में अर्जी डाल सकता है। साथ ही UAN जनरेट होने की प्रक्रिया का स्टेटस पीएफ खाते संख्या के माध्यम से इस लिंक पर  http://uanmembers.epfoservices.in/check_uan_status.php पर क्लिक करके देखी जा सकती है।

कैसे करें UAN को एक्टीवेट

कंपनी की ओर से UAN नंबर मिलने के बाद कोई भी व्यक्ति आसानी से ऑनलाइन अपने नंबर को एक्टिवेट कर सकता है। इसको एक्टिवेट करने के लिए व्यक्ति के पास रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर, पी एफ खाते का नंबर और UAN होना जरुरी है। इस लिंक पर http://uanmembers.epfoservices.in/uan_reg_form.php क्लिक कर खुलने वाले फार्म में मांगी गई जानकारी को भरें। इसके बाद आपे मोबाइल पर एक पिन नंबर भेजा जाएगा। इस पिन नंबर को नीचे दिए गए खाने में डाल दें। इसके बाद अगले चरण में व्यकित को अपना पासवर्ड और ई मेंल एड्रेस डालना होगा। इसके बाद UAN की एक्टीवेशन प्रक्रिया पूरी हो जाती है।

एक्टीवेशन के बाद एक्सेस करें अपना पीएफ एकाउंट

UAN एक्टीवेशन प्रक्रिया के पूरे हो जाने के बाद http://uanmembers.epfoservices.in/ लिंक पर जाकर कोई भी व्यक्ति अपने पीएफ खाते से जुड़ी कोई भी जानकारी देख सकता है। मसलन पीएफ अकाउंट की पासबुक, पीएफ की राशि के लिए कोई दावा करना या उसका स्टेटस देखना, अपना UAN कार्ड डाउनलोड और प्रिंट करना आदि। आमतौर पर पहले कंपनी आपको आपका पीएफ नंबर दे देती थी। लेकिन 1 जनवरी 2014 से पीएफ खाते के लिए सरकार ने UAN को अनिवार्य कर दिया है। इस यूनीक आइडेंटिफिकेशन नंबर के जरिए आप यह जान सकते हैं कि आप जिस कंपनी में काम कर रहे हैं उसका मालिक आपको खाते में बराबर पैसा जमा करवा भी रहा है या नहीं। यूएन के जरिए आप ऑनलाइन माध्यम से भी अपनी पीएफ संबंधी जानकारी पा सकते हैं।

नौकरी छोड़ी है तो सबसे पहले यह जाने

1. अगर आपने जनवरी 2014 के पहले नौकरी छोड़ी है तो आपको यूएन नंबर नहीं मिलेगा।
2. नहीं है यूएन नंबर तो भी घबराएं नहीं। आप अपने पीएफ नंबर का इस्तेमाल करके भी अपना पैसा निकाल सकते हैं।
3. अगर आपके पास सिर्फ पीएफ नंबर है या पीएफ और यूएन नंबर दोनों हैं तो भी आपको अपनी पूर्व कंपनी से जरूरी जांच करवानी होगी।
4. मान लें अगर आपकी कंपनी भाग गई या उसने कोई धोखाधड़ी कर दी, तो भी आप घबराएं नहीं। आप अपने इलाके के मेयर से जांच करवा कर अपनी कंपनी द्वारा दिए गए पीएफ नंबर के जरिए अपनी पीएफ राशि निकलवा सकते हैं।

अगर आप नौकरी छोड़ चुके हैं तो आपको थोड़ा सबर करना पड़ेगा। क्योंकि 45 दिन से पहले आपकी कंपनी आपका फुल एंड फाइनल यानी FNF नहीं देगी। वहीं दूसरी बात आप जिस दिन आवेदन करेंगे उसके 15 दिन बाद तक का आपको कम से कम इंतजार करना ही होगा। यानी आपके हाथ में आपका पैसा आने में दो महीने का वक्त तो लगता ही है।

आपको अपनी कंपनी एचआर को देने होते हैं दो फॉर्म-
नौकरी छोड़ने के बाद आपको फॉर्म नंबर-19 और फॉर्म नंबर-10सी भरकर अपने एचआर को देने होते हैं। इन फॉर्म में आपको अपना अकाउंट नंबर, नाम और स्थानीय पता भरना होता है। साथ ही आपको इस फॉर्म पर दो रेवेन्यू टिकट भी नत्थी करने होते हैं। ये टिकट एक रुपए के मूल्य के होते हैं। इस सबके बाद जब आप अपनी ऑफिस एचआर को यह फॉर्म थमाते हैं तो वह आपसे इंतजार करने को कहता है। इस फॉर्म को कंपनी के अधिकारी वैरीफाई करते हैं। इस प्रक्रिया में कंपनी के हिसाब से वक्त लग सकता है।

फॉर्म को एचआर ओके कर देता है तो फिर इसे ले जाकर ईपीएफओ ऑफिस में जमा करना होता है। वैसे अगर कर्मचारी चाहे तो कंपनी को इस प्रकिया को करने को भी कह सकता है और कंपनी खुद इन दोनों फॉर्म को जमा करवा सकती है।

जब आपके फॉर्म ईपीएफओ के ऑफिस पहुंचते हैं तो वह भी कुछ वैरीफिकेशन करता है। यानी आपके साइन, आपकी खाता संख्या, आपकी कंपनी के अधिकारी के हस्ताक्षर और कंपनी की मुहर की जांच की जाती है। सब कुछ ओके होने के बाद जांच अधिकारी फॉर्म को आगे की प्रक्रिया के लिए फाइनेंस विभाग के पास भेज देता है।

इतनी सारी प्रक्रिया से गुजरने के बाद कुछ ही दिनों में आपका पूरा पैसा आपके पास भेज दिया जाता है। आपके कुल अमाउंट में ब्याज की राशि भी जुड़ी होती है जो सालाना आपके धन पर मिलती है। फिलहाल यह राशी 8.7 फीसदी है। हालांकि यह राशि हर साल संशोधित होती रहती है। वैसे तो पैसे मिलने में न्यूनतम समय एक हफ्ता है लेकिन कभी कभी इस प्रक्रिया में एक हफ्ता भी लग जाता है।