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साइरस मिस्त्री को झटका, NCLT ने अपील बर्खास्त कर टाटा संस के हक में दिया फैसला

टाटा सन्स के पूर्व चेयरमैन साइरस मिस्त्री को झटका लगा है. टाटा संस के चेयरमैन पद से हटाए जाने को लेकर साइरस मिस्त्री ने राष्ट्रीय कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) में जो अपील दाखिल की थी उसे ट्रिब्यूनल ने बर्खास्त कर दिया है। सोमवार को इसको लेकर ट्रिब्यूनल ने अपना फैसला सुनाया है। ट्रिब्यूनल ने अपने फैसले में कहा है कि साइरस मिस्त्री को इसलिए हटाया गया क्योंकि टाटा संस के निदेशक मंडल ने उनमें भरोसा खो दिया था।

Manoj Kumar
Reported by: Manoj Kumar 09 Jul 2018, 15:23:08 IST

नई दिल्ली। टाटा संस के पूर्व चेयरमैन साइरस मिस्त्री को झटका लगा है. टाटा सन्स के चेयरमैन पद से हटाए जाने को लेकर साइरस मिस्त्री ने राष्ट्रीय कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) में जो अपील दाखिल की थी उसे ट्रिब्यूनल ने बर्खास्त कर दिया है। सोमवार को इसको लेकर ट्रिब्यूनल ने अपना फैसला सुनाया है। ट्रिब्यूनल ने अपने फैसले में कहा है कि साइरस मिस्त्री को इसलिए हटाया गया क्योंकि टाटा संस के निदेशक मंडल ने उनमें भरोसा खो दिया था।

गौरतलब है कि अक्टूबर 2016 में टाटा संस के बोर्ड ने साइरस मिस्त्री को चेयरमैन के पद से हटा दिया था। चेयरमैन पद से हटाए जाने के बाद साइरस मिस्त्री ने ग्रुप की 6 कंपनियों के बोर्ड से तो त्यागपत्र दे दिया लेकिन रतन टाटा और टाटा संस के खिलाफ NCLT में शिकायत दर्ज करवा दी। मिस्त्री को हटाए जाने की सफाई मे टाटा संस ने कहा था कि निदेशक मंडल के 9 में से 7 सदस्यों ने मिस्त्री को हटाए जाने को लेकर वोट किया था, मिस्त्री ने अपने हटाए जाने को लेकर वोट नहीं किया था जबकि एक सदस्य गैरहाजिर था।

टाटा ग्रुप की सभी कंपनियों का कामकाज टाटा संस के दायरे में आता है और टाटा संस का चेयरमैन पूरे टाटा ग्रुप का चेयरमैन होता है, साइरस मिस्त्री से पहले रतन टाटा इस ग्रुप के चेयरमैन थे और साइरस मिस्त्री को हटाकर नटराजन चंद्रशेखरन को इस ग्रुप का चेयरमैन बनाया गया है, चंद्रशेखरन इससे पहले टाटा ग्रुप और देश की सबसे बड़ी कंपनी टीसीएस का कामकाज देख रहे थे।

टाटा संस और साइरस मिस्त्री मामले में घटनाक्रम
  • 24 अक्तूबर 2016: टाटा संस ने साइरस मिस्त्री को चेयरमैन के पद से हटाया, रतन टाटा को अंतरिम चेयरमैन बनाया।
  • 25 अक्तूबर 2016: मिस्त्री ने टाटा संस के निदेशक मंडल को पत्र लिखकर टाटा ट्रस्टियों पर 'पर्दे के पीछे से नियंत्रण' का आरोप लगाया।
  • 19 दिसंबर 2016: मिस्त्री ने टाटा समूह की सभी कंपनियों के निदेशक पद से इस्तीफा दिया।
  • 20 दिसंबर 2016: मिस्त्री ने प्रबंधन में गड़बड़ी और अल्पांश शेयरधारकों के उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) का रुख किया।
  • 12 जनवरी 2017: एन चंद्रशेखरन को टाटा संस का नया चेयरमैन बनाया गया।
  • 6 फरवरी 2017: मिस्त्री को टाटा संस के निदेशक मंडल के निदेशक पद से हटाया गया।
  • 21 सितंबर 2017: टाटा संस के निदेशक मंडल ने निजी कंपनी बनाने की योजना को मंजूरी दी।
  • 12 जून 2018: एनसीएलटी ने आदेश के लिए 4 जुलाई की तारीख तय की।
  • 4 जुलाई 2018: एनसीएलटी ने फैसले को 9 जुलाई तक के लिए स्थगित किया।
  • 9 जुलाई 2018: एनसीएलटी ने टाटा संस के चेयरमैन पद से हटाने के खिलाफ दाखिल साइरस मिस्त्री की याचिका खारिज कर दी। न्यायाधिकरण ने कहा कि मिस्त्री को इसलिए हटाया गया क्योंकि निदेशक मंडल और उसके सदस्यों का मिस्त्री पर से विश्वास उठ गया था।