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अक्‍टूबर-दिसंबर 2016 में यस बैंक के शुद्ध लाभ में 31 प्रतिशत की बढ़ोतरी 

यस बैंक का शुद्ध लाभ तीसरी तिमाही में 30.6 प्रतिशत बढ़कर 882.63 करोड़ रुपए रहा। फंसे कर्ज के लिये कम प्रावधान तथा उच्च ब्याज आय से कंपनी का मुनाफा बढ़ा है।

Manish Mishra 19 Jan 2017, 19:56:19 IST
Manish Mishra

नई दिल्ली। यस बैंक का शुद्ध लाभ दिसंबर 2016 को समाप्त तिमाही में 30.6 प्रतिशत बढ़कर 882.63 करोड़ रुपए रहा। फंसे कर्ज के लिये कम प्रावधान तथा उच्च ब्याज आय से कंपनी का मुनाफा बढ़ा है। निजी क्षेत्र के बैंक का शुद्ध लाभ इससे पिछले वित्त वर्ष 2015-16 की इसी तिमाही में 675.74 करोड़ रुपए था।

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यस बैंक ने नियामकीय सूचना में कहा

  • बैंक की कुल आय दिसंबर 2016 को समाप्त तिमाही में बढ़कर 5,229.96 करोड़ रुपए रही जो इससे पूर्व वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 4,122.12 करोड़ रुपए थी।
  • बैंक की ब्याज आय चालू वित्त वर्ष की दिसंबर तिमाही में 25.3 प्रतिशत बढ़कर 4,231.61 करोड़ रुपए रही जो इससे पिछले वित्त वर्ष 2015-16 की इसी तिमाही में 3,376.05 करोड़ रुपए थी।
  • वहीं फंसे कर्ज के एवज में बैंक का प्रावधान आलोच्य तिमाही में 115.38 करोड़ रुपए रहा जो इससे पिछले वित्त वर्ष 2015-16 की इसी तिमाही में 147.94 करोड़ रुपए था।

एक्सिस बैंक का शुद्ध लाभ तीसरी तिमाही में 73 प्रतिशत घटा 

  • निजी क्षेत्र के एक्सिस बैंक का शुद्ध लाभ चालू वित्त वर्ष की अक्‍टूबर-दिसंबर की तिमाही में 73 प्रतिशत घटकर 580 करोड़ रुपए रहा।
  • फंसे कर्ज में वृद्धि से कंपनी का लाभ घटा है। इससे पिछले वित्त वर्ष 2015-16 की इसी तिमाही में कंपनी का शुद्ध लाभ 2,175 करोड़ रुपए था।
  • हालांकि, बैंक की कुल आय आलोच्य तिमाही में बढ़कर 14,501 करोड़ रुपए हो गई जो एक साल पहले की समान तिमाही में 12,531 करोड़ रुपए थी।
  • बैंक की सकल गैर-निष्पादित परिसंपत्ति (NPA) दिसंबर, 2016 को समाप्त तिमाही में बढ़कर सकल अग्रिम का 5.22 प्रतिशत हो गई जो पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 1.68 प्रतिशत थी।
  • बैंक की शुद्ध गैर-निष्पादित परिसंपत्ति भी आलोच्य तिमाही में बढ़कर 2.18 प्रतिशत हो गई जो एक साल पहले इसी तिमाही में 0.75 प्रतिशत थी।

फेडरल बैंक का शुद्ध लाभ तीसरी तिमाही में 26 प्रतिशत बढ़ा 

निजी क्षेत्र के फेडरल बैंक का शुद्ध लाभ चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में 26.4 प्रतिशत बढ़कर 205.65 करोड़ रुपए रहा। ब्याज आय बढ़ने से कंपनी का लाभ बढ़ा है। इससे पिछले वित्‍त वर्ष की इसी तिमाही में बैंक को 162.72 करोड़ रुपए का शुद्ध लाभ हुआ था।

बैंक ने नियामकीय सूचना में कहा

  • उसकी कुल आय दिसंबर 2016 को समाप्त तिमाही में बढ़कर 2,544.75 करोड़ रुपए रही जो एक वर्ष पूर्व इसी तिमाही में 2,086.07 करोड़ रुपए थी।
  • बैंक की ब्याज आय तीसरी तिमाही में 19.9 प्रतिशत बढ़कर 2,281.42 करोड़ रुपए रही जो इससे पूर्व वित्त वर्ष 2015-16 की इसी तिमाही में 1,903.25 करोड़ रुपए थी।

लक्ष्मी विलास बैंक का मुनाफा 70.1 प्रतिशत बढ़ा 

निजी क्षेत्र के लक्ष्मी विलास बैंक का कर बाद मुनाफा 31 दिसंबर 2016 को समाप्त तिमाही में 70.1 प्रतिशत बढ़कर 78.38 करोड़ रुपए हो गया। तमिलनाडु के इस बैंक ने एक साल पहले की समान अवधि में करपश्‍चात 46.07 करोड़ रुपए का लाभ कमाया था।

बैंक ने बीएसई को सूचित किया है कि

  • 31 दिसंबर को समाप्त नौ महीने में बैंक का कर बाद लाभ 55.4 प्रतिशत बढोतरी के साथ 203.91 करोड़ रुपए हो गया जो कि एक साल पहले 131.16 करोड़ रुपए था।
  • इसी तरह अक्‍टूबर-दिसंबर तिमाही में कंपनी की कुल आय बढ़कर 879.26 करोड़ रुपए हो गई।

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सेबी ने सात कंपनियों पर 14 लाख रुपए का जुर्माना लगाया 

  • बाजार नियामक सेबी ने सात फर्मों पर कुल मिलाकर 14 लाख रुपए का जुर्माना लगाया है।
  • इन फर्मों पर यह जुर्माना निवेशकों की शिकायतों को दूर करने में विफल रहने तथा कार्रवाई रिपोर्ट एटीआर नहीं दाखिल करने के लिए लगाया गया है।
  • सेबी ने जिन फर्मों पर जुर्माना लगाया है उनमें हाउस प्रोडक्शंस, निंबस इंडस्ट्रीज, क्लासिक डायमंड इंडिया, इनोवेंटिव वेंचर, अथर्व इंटरप्राइेजज, सिफको फिनांस व सिटी लिफ्टस इंडिया है।
  • सेबी ने अलग-अलग आदेश में प्रत्येक कंपनी पर दो-दो लाख रुपए का जुर्माना लगाया है।