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बजट सत्र के पहले दो दिन का बहिष्कार करेगी तृणमूल कांग्रेस

Bhasha 30 Jan 2017, 19:36:40 IST
Bhasha

कोलकाता: नोटबंदी के खिलाफ अपने प्रदर्शन को जारी रखते हुए तृणमूल कांग्रेस ने आज कहा कि उसके सांसद कल से शुरू हो रहे बजट सत्र के पहले दो दिन संसद में नहीं रहेंगे और पार्टी सर्वदलीय बैठकों में भी भाग नहीं लेगी। बजट सत्र के पहले दिन राष्ट्रपति का अभिभाषण और अगले दिन बजट पेश किया जाएगा।

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तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ममता बनर्जी की अध्यक्षता में यहां पार्टी के संसदीय दल की बैठक के बाद लोकसभा में तृणमूल के मुख्य सचेतक कल्याण बनर्जी ने संवाददाताओं से कहा, संसद को विश्वास में लिये बिना लागू की गयी नोटबंदी के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस के सांसद बजट सत्र के पहले दो दिन संसद में उपस्थित नहीं रहेंगे।

केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली एक फरवरी को बजट पेश करेंगे। पार्टी ने आज दिल्ली में सरकार और लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन द्वारा बुलाई गयी सर्वदलीय बैठकों में भी भाग नहीं लेने का फैसला किया और कहा कि तृणमूल संसदीय दल की बैठक पहले ही कोलकाता में होनी तय थी।

नोटबंदी के मुद्दे पर और कथित चिटफंड घोटाले के सिलसिले में सीबीआई द्वारा तृणमूल कांग्रेस के दो सांसदों की गिरफ्तारी के मुद्दे पर पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ दल का मोदी सरकार से गतिरोध जारी है।

कल्याण बनर्जी ने कहा कि इस सत्र में तृणमूल कांग्रेस अन्य मुद्दों के साथ ही लोकसभा में पार्टी के नेता सुदीप बंदोपाध्याय और एक और पार्टी सांसद तापस पाल की गैरकानूनी तरीके से गिरफ्तारी के मुद्दे को उठाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों की गिरफ्तारी केंद्र में सत्तारूढ़ पार्टी द्वारा सीबीआई और सत्ता का दुरुपयोग करते हुए राजनीतिक शत्रुता निकालने का स्पष्ट मामला है।

एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि सुदीप बंदोपाध्याय लोकसभा में पार्टी के नेता बने रहेंगे। कल्याण के मुताबिक, वह हमारे नेता हैं और रहेंगे। सीबीआई ने रोज वैली चिटफंड घोटाले के सिलसिले में सुदीप और तापस को गिरफ्तार किया था। हालांकि कल्याण ने बताया कि वरिष्ठ पार्टी नेता सौगत राय को लोकसभा में उपनेता नियुक्त किया गया है।

जब पूछा गया कि क्या संसद नहीं जाना बायकॉट है तो उन्होंने कहा, इसकी व्याख्या करना आप पर निर्भर करता है। इससे पहले पार्टी के नेता और राज्यसभा सदस्य डेरेक ओ ब्रायन ने कहा था कि एक फरवरी को तृणमूल के सांसद संसद में नहीं जाएंगे क्योंकि इस दिन सरस्वती पूजन है और यह बंगाल में एक महत्वपूर्ण दिन होता है।

उन्होंने कहा कि सरस्वती पूजा के दिन कामकाज से दूर रहने और यहां तक कि औजारों को भी हाथ ना लगाने की परंपरा है। सरस्वती पूजा केवल धार्मिक त्यौहार ही नहीं बल्कि यह बंगाल का सामाजिक-सांस्कृतिक उत्सव है। अन्य राजनीतिक दलों के साथ तृणमूल कांग्रेस समन्वय के सवाल पर कल्याण बनर्जी ने कहा, हमारा एकसूत्री एजेंडा नरेंद्र मोदी को हटाने का है। इस दिशा में जो भी काम करेगा, हम उसके साथ रहेंगे।

सौगत राय ने संवाददाताओं से कहा, हम मिलकर काम कर रहे हैं। हमारी पार्टी अध्यक्ष ने हमें निर्देश दिया है और हम उसी अनुसार काम करेंगे।