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राम मंदिर बनाने 3 हजार ईंट लेकर अयोध्या पहुंचे मुस्लिम, लगाए जय श्रीराम के नारे

India TV News Desk 21 Apr 2017, 9:59:30 IST
India TV News Desk

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद से राम मंदिर का मुद्दा पुरजोर से उठा हुआ है। अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर कोर्ट, सरकार और नेता सब अपना-अपना पक्ष रख चुके है और अपने-अपने तर्क भी। वहीं राम मंदिर बनाने को लेकर मुस्लिम कारसेवक गुरूवार को अचानक अयोध्या पहुंच गए। इतना ही नहीं ये सभी अपने साथ मंदिर निर्माण के लिए ट्रक में ईंट भरकर भी लाए थे। (ये हैं भारत की महिला राजनेता जो अपने ग्लैमरस लुक के लिये भी हैं )

लेकिन राम मंदिर निर्माण के लिए 3000 ईंटें लेकर अधिगृहीत परिसर में विराजमान रामलला का दर्शन करने जा रहे जत्थे को पुलिस ने रोक दिया। श्रीराम मंदिर निर्माण मुस्लिम कारसेवक मंच के सदस्य गुरुवार शाम छह बजे अयोध्या पहुंचे और यहां भव्य राम मंदिर निर्माण का संकल्प लेते हुए जय श्रीराम के नारे लगाए।

मंच के अध्यक्ष आजम खान ने बताया कि हम लखनऊ से आ रहे हैं। हमारा मकसद है राम मंदिर निर्माण। कोतवाल अरविंद कुमार पांडेय ने बताया कि मुस्लिम मंच के सदस्य बस्ती, महाराजगंज, गोरखपुर, लखनऊ आदि जगहों से आए थे।

इससे पहले मंच के कारसेवकों ने ईंट से भरे ट्रक को पूरे शहर में घुमाया। इन्होंने जोर-जोर से ‘जय श्रीराम’ के नारे भी लगाये। मंदिर निर्माण के प्रति इन 50 से अधिक मुसलिम कारसेवकों का जुनून देख कर अयोध्या के लोग भी दंग थे।

अचानक इतनी बड़ी संख्या में ईंट के साथ कारसेवकों को देख कर प्रशासन के हाथ-पैर फूल गये। बाद में पुलिस मौके पर पहुंची और सभी मुसलिम कार सेवकों समझा-बुझा कर वापस भेज दिया।

सीओ ने कहा कि कुछ मुसलिम कारसेवक लखनऊ और बस्ती जिले से आये थे। राम मंदिर निर्माण मुसलिम मंच के अध्यक्ष राष्ट्रवादी आजम खान ने हाशिम अंसारी के वक्तव्य को उल्लेखित करते हुए कहा कि लोग एसी में बैठे हैं और राम लला टेंट में। उन्होंने कहा कि राम मंदिर वहीं बनना चाहिए, जहां श्रीराम का जन्म हुआ था और जहां इस वक्त वह विराजमान हैं।

इधर, मंच के अध्यक्ष आजम खान ने बताया कि वे लखनऊ से आये हैं। उनका मकसद है राम मंदिर का निर्माण करवाना। कोतवाल अरविंद कुमार पांडेय ने बताया कि मुसलिम मंच के सदस्य बस्ती, महाराजगंज, गोरखपुर, लखनऊ व अन्य कई जगहों से आये थे।

मुसलिम समुदाय के लोगों ने कहा कि वे लोग ईंट देकर मंदिर निर्माण में सहयोग करना चाहते हैं। लेकिन, उन्हें बताया गया कि मंदिर बंद है। इसके बाद इन लोगों ने विश्व हिंदू परिषद (विहिप) से संपर्क किया है। इस समय ईंट से भरा ट्रक नयाघाट बांध तिराहे पर है। विहिप के लोग जहां कहेंगे, मंच ईंट को वहां पहुंचा देगा। बाद में प्रशासन की सलाह पर सभी कारसेवक वहां से चले गये।

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